संवाददाता/दिल्ली| आज दिल्ली के जंतर मंतर पर हिन्दू जनजागृति समिति द्वारा आयोजित ‘हिन्दू राष्ट्र जागृति आंदोलन’ में हिन्दू जनजागृति समिति के राष्ट्रीय प्रवक्ता रमेश शिंदे ने कहा कि कोई भी राजनेता पद ग्रहण करता है तो उसे संविधान में शपथ लेनी पड़ती है कि भारत में जितने भी धर्म और पंथ है, उनको समानता का दर्जा दूंगा, समानता से वर्ताव करूँगा और उनका संरक्षण करने की जिम्मेदारी होगी। जब कि तमिलनाडु के खेल मंत्री उदयनिधि स्टालिन कहते हैं कि सनातन धर्म को मिटा देंगे ऐसी बात करने वाले ऐसे पद पर कैसे रह सकते हैं। इस सन्दर्भ में सुप्रीम कोर्ट ने केवल हेट स्पीच कर केस नहीं चलना चाहिए बल्कि उसके पद निरस्त करना चाहिए। जो सुप्रीम कोर्ट अन्य धर्मो के बारे में सतर्क व जागरूक रहता है वो सनातन को समाप्त करने की बात कहने वाले पर कार्यवाही क्यों नहीं करता, उदयनिधि खुले आम घूम रहा है और जो हिन्दू संगठन सनातन धर्म की रक्षा हेतु आंदोलन कर रहे हैं उसे जेल में डाल दिया जाता है।

मुस्लिम संस्थानों को दिए गए हलाल प्रमाणपत्र देने के अधिकार को अस्वीकार किया जाना चाहिए !
आज हलाल जिहाद हमारे देश में चल रहा है, आज मैकडोनाल्ड, के एफ सी, स्टारबक्स जैसी कंपनियां हलाल सर्टिफाइड उत्पाद बेच रहे हैं। शाकाहारी वस्तुओं में हलाल को लाना, हिन्दू व्यापारियों से पैसे इकठ्ठा करना और उस माध्यम से आतंकवादियों को समर्थन करना जैसे अनुचित प्रकार भारत में बढ़ते जा रहे हैं। बहुसंख्यक हिन्दुओं और जैन, बौद्ध, सिक्ख आदि पर हलाल थोपा जा रहा है यह पूरी तरह से बंद करनी चाहिए। इस सन्दर्भ में हिन्दू जनजागृति समिति ने सरकार को ज्ञापन दिया है, अगर सरकार कोई कार्यवाही नहीं करती तो जनहित याचिका भी डाली जाएगी। 

इस आंदोलन में प्राचीन शिव मंदिर कोटला के जनरल सेक्रेटरी विपिन पाल भारती, सनातन संस्था की प्रवक्ता कुमारी कृतिका खत्री, हिन्दू जनजागृति समिति के कार्तिक सालुंके व अरविन्द गुप्ता तथा हिन्दू विधिज्ञ परिषद् से अधि. अमिता सचदेवा ने अपने विचार व्यक्त किए तथा अधि अमिता सचदेवा जी, अधि यादवेंद्र सक्सेना एवं अधि विक्रम कुमार ने उदयनिधी स्टैलिन, ए राजा और प्रियांक खड़गे के विरुद्ध कंप्लेंट की है।
































