‘एक साथ राजनीति में आए थे आजाद और मैं’, दिग्विजय सिंह बोले- गुलाम नबी ने कांग्रेस जोड़ने के बजाय तोड़ने का काम किया

0
345

अनुराग गुप्ता/भोपाल। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने शुक्रवार को गुलाम नबी आजाद द्वारा पार्टी की प्राथमिकत सदस्यता से इस्तीफा दिए जाने पर उनकी निंदा की। दरअसल, गुलाम नबी आजाद ने कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी पर सवाल खड़े करते हुए पार्टी को छोड़ दिया और फिर देखते ही देखते जम्मू-कश्मीर के कई विधायकों ने भी उनके समर्थन में इस्तीफा दे दिया।

दिग्विजय सिंह ने कहा कि गुलाम नबी आज़ाद और मैं एक साथ राजनीति में आए थे। मेरे और उनके बीच अच्छे संबंध रहे। मुझे इस बात का दुख है कि जिस पार्टी ने उन्हें सब कुछ दिया मुख्यमंत्री बनाया, मंत्री बनाया, वे उसे छोड़ गए। वो कह रहे हैं कि उनको दुख हुआ है।

उन्होंने कहा कि आज संभव है कि उनके साथ आपके संबंध जुड़ गए हैं जिन्होंने कश्मीर से धारा 370 समाप्त की। संभव है कि आपके उनके मधुर संबंध हो गए हैं। आज आपने कांग्रेस जोड़ने के बजाय कांग्रेस तोड़ने का काम किया है, मैं इसकी निंदा करता हूं।

उन्होंने कहा कि आपने लिखा कि भारत जोड़ो अभियान न चलाकर कांग्रेस जोड़ो अभियान चलाना चाहिए वो भी उस वक़्त जब आप स्वयं कांग्रेस पार्टी तोड़कर निकल गए। राहुल गांधी जी पर लगाए आपके आरोप निराधार हैं। आपने जो इस्तीफा दिया और जो पत्र लिखा है उसकी मैं घोर निंदा करता हूं। .

कांग्रेस को लगा बड़ा झटका

आपको बता दें कि जम्मू-कश्मीर में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले गुलाम नबी आजाद के इस्तीफे को कांग्रेस के लिए बहुत बड़े झटके के तौर पर देखा जा रहा है। क्योंकि गुलाम नबी आजाद हर दिल अजीज माना जाता है और जम्मू के लोगों में भी वो अच्छा रसूख रखते हैं। इसके अलावा उन्होंने भाजपा में जाने की तमाम अटकलों को विराम दे दिया और कहा कि वो जम्मू कश्मीर लौटेंगे और अपनी पार्टी बनाएंगे। ऐसे में अगर गुलाम नबी आजाद अपनी पार्टी का गठन कर आगामी चुनाव लड़ते हैं तो कांग्रेस को प्रदेश में बहुत ज्यादा नुकसान हो सकता है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here