योग और आध्यात्मिक ज्ञान से ही युग-परिवर्तन संभव – सतपाल महाराज

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संवाददाता/हरिद्वार, 13 अप्रैल| ऋषिकुल कालेज मैदान में मानव उत्थान सेवा समिति द्वारा आयोजित सद्भवना सम्मेलन के दूसरे दिन अपार जनसमुदाय को संबोधित करते हुए उत्तराखंड सरकार में कैबिनेट मंत्री व सुविख्यात समाजसेवी श्री सतपाल महाराज जी ने कहा कि जब हम मिलकर पूरी शक्ति के साथ कार्य करते है, तब एक विशाल परिवर्तन आता है, परिवर्तन की संभावना बनती है| देश में योग और अध्यात्म ज्ञान का प्रचार होगा तो अज्ञान समाप्त होगा, वैमनष्यता समाप्त होगी| योग और आध्यात्मिक ज्ञान से ही युग परिवर्तन संभव है|

श्री महाराज जी ने कहा कि एक जमाने हमारा देश सोने की चिड़िया के नाम से विख्यात था क्योकि भारत के पास अध्यात्म ज्ञान की शक्ति थी| विदेशों में भारत देश की शक्ति का बड़ा ही प्रचार-प्रसार है| पर आज हम भारत की अध्यात्मिक शक्ति को भूल गये है जिसके कारण आज हम पिछड़े हुए है| इसलिए हे भारतवासियों! भारत के गौरव को पहचानों| अध्यात्म ज्ञान का प्रचार-प्रसार करके भारत को फिर से विश्वगुरु का स्थान दिलाना है| विश्वगुरु की पदवी पर भारत को स्थापित करना है, ये हम सभी का संकल्प होना चाहिए|

उन्होंने कहा कि संतो ने सदैव ही समाज को अध्यात्म की शक्ति से मजबूत किया| आज भारत माता की रक्षा सबसे महत्वपूर्ण है क्योकि अगर राष्ट्र सुरक्षित है, तभी हम सुरक्षित है| राष्ट्र की सुरक्षा के लिए हमें संतों के निर्देशों पर चलकर अध्यात्म ज्ञान का प्रचार-प्रसार करना होगा|

श्री महाराज जी विदेशों में भारतीय संस्कृति के प्रसार का जिक्र करते हुए कहा कि इंडोनेशिया में ऋषि अगत्स्य की विशाल मूर्ति है, जो समुद्री ज्ञान के विद्वान् थे| सिंगापुर, थाईलैंड व कम्बोडिया आदि तक हमारी संस्कृति का प्रचार है| अतः आज हमें अपने ज्ञान-विज्ञान को समझ कर मानव मन का सुधार करना होगा तभी हम अपने देश की एकता, अखंडता व भाईचारे को कायम रखकर वर्तमान की समस्याओं का हल निकाल सकते है|

वैसाखी पर्व के महत्व को समझाते हुए श्री महाराज जी ने कहा कि गुरु गोविन्द सिंह जी के चालीस शिष्य जब उन्हें छोड़कर चले गये थे फिर वापिस आकर दुश्मनों को युद्ध में परास्त करते है तथा अपनी गलती की माफ़ी मांगते है| तब गुरु महाराज ने उन्हें अमृत चखाकर मुक्त कर दिया| उन चालीस मुक्तों की याद में यह पर्व मनाया जाता है|

        ऋषिकुल कालेज मैदान में प्रातः 6 से 8 बजे तक प्रसिद्ध योगाचार्य अजय राणा द्वारा सम्मेलन में आये हुए सैकड़ो लोगो को योग प्रशिक्षण दिया गया| तत्पश्चात स्वच्छता अभियान के तहत महात्मा कमलेशानंद के नेतृत्व में मानव उत्थान सेवा समिति के (यूथ टीम) द्वारा ऋषिकुल कालेज मैदान से श्री प्रेमनगर आश्रम तक स्वच्छता अभियान चलाया गया जिसमे प्रेमनगर आश्रम प्रभारी रमणीक भाई व संस्था के कार्यकर्त्ताओं ने भाग लिया तथा स्थानीय लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक भी किया|

इस अवसर पर देश-विदेश से सम्मेलन में आये हुए मानव उत्थान सेवा समिति के सदस्यों ने श्री सतपाल महाराज, श्रीमती अमृता रावत, श्री विभु जी, श्री सुयश जी और अतिथि जिलाधिकारी दीपक रावत का फुल-मालाओं से स्वागत किया| कार्यक्रम का संचालन म.हरिसंतोषानंद ने किया|

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