
हरिद्वार: उत्तराखंड में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह दो दिन के दौरे को लेकर प्रदेश संगठन ने कार्यक्रम को आखिरी रूप दे दिया है। यह मिनट टू मिनट कार्यक्रम स्वीकृति के लिए दिल्ली भेजा गया है। वहां से स्वीकृति मिलने के बाद इसे सार्वजनिक किया जा सकेगा। इसके बाद प्रदेश मुख्यालय में होने वाली बैठक में शहरी क्षेत्र के सभी विधायक आमंत्रित किए गए थे, मगर इनमें खजान दास को छोड़ शेष कोई विधायक शामिल नहीं हुआ। पार्टी मुख्यालय से इन विधायकों को फोन भी किए गए लेकिन किसी ने बाहर होने का तो किसी ने बाहर जाने का हवाला दिया। कुछ विधायकों का फोन नहीं उठा। इससे प्रदेश अध्यक्ष खासे नाराज भी नजर आए। हरिद्वार में कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज के समर्थक व मेयर मनोज गर्ग के बीच हुए हंगामे को लेकर भाजपा की ओर से मामले की जांच की दिशा मुड़ गई है। अब भाजपा की नजरें इस संबंध में दर्ज एफआइआर पर टिकी हुई हैं। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट के मुताबिक है कि एफआइआर की कॉपी मंगाई गई है। यदि इसमें भाजपा के सदस्य शामिल नहीं हुए तो फिर भाजपा जांच करेगी। यदि इसमें कार्यकर्ता हुए तो फिर मामला में कानूनी पक्ष आने के कारण संगठन की जांच का आवश्यकता नहीं रहेगी। उन्होंने कहा कि पार्टी इस मामले में अपनी जांच कर रही है। अनुशासन समिति के अध्यक्ष के घर में अहम आयोजन होने के कारण उन्होंने इस जांच के लिए कुछ और समय मांगा था। इसके लिए पार्टी ने जांच का समय पंद्रह दिन और बढ़ा दिया है। आपको बता दें कि भाजपा केंद्रीय अध्यक्ष को देहरादून में ई-लाइब्रेरी का भी उद्घाटन करना है। इस सिलसिले में भाजपा केंद्रीय ई-लाइब्रेरी की टीम देहरादून में पहुंची। इसमें एवी आचार्य और सुनील पांडे शामिल हैं। इस दौरान उन्होंने लाइब्रेरी की तैयारियों के संबंध में जानकारी प्राप्त की है। इस ई-लाइब्रेरी में चार हजार किताबें अपलोड की गई हैं। इस दौरान टीम के सदस्यों ने प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट और लाइब्रेरी प्रमुख विशाल शर्मा से भी मुलाकात की। साभार : हिमालय न्यूज
































