हिमबहादुर/सिलीगुड़ी : आज मानव भगवान का गुणवाचक नाम को महत्व दे रहे है। अर्थ समझने का कोशिस ही नही करते है। राम हमारे अंदर रमण कर रहा है। कृष्णा कण कण में बसा है, खुदा खुद में खुद शक्ति है। अल्लाह सबसे अलग रहने वाला, बुद्ध अपने अंदर का तत्व को समझने वाला, ईश्वर स्वर में बसने वाला, परमेश्वर यह स्वर में प्रवेश करने वाला है। इन विषयों को समझ कर पालन करना ही सच्चा भक्ति है। यह बातें मानव उत्थान सेवा समिति तथा मानव धर्म के प्रणेता सदगुरुदेव श्री सतपालजी महाराज के परम शिष्य तथा स्टार प्रचारक महात्मा साध्वी दीपिका बाई जी यूनाइटेड किंगडम (लंडन) से पधारी ने सिक्किम राज्य के नाम्ची तहसीलद्वारा आयोजित एक दिवसीय महान सत्संग समारोह में भक्तो को संबोधित करते हुए कही।
उन्होंने आगे कहा कि विज्ञान बाहर का तत्व को खोजता है और अध्यात्म मनुष्य के अंदर चलाने वाली शक्ति को पहचानता है। इसलिए आत्मा ज्ञान को समझने के लिए सद्गुरु के शरण मे जाना पड़ता है। आज हम सत्य से दूर होते जा रहे है, भगवान के पास आकर मांग रहे है। सुन्दर संसार बनाने वाला, संसार संग प्रेम करने वाला ईश्वर को भुल रहे है। इसलिए सत्य का तलाश करनी चाहिये।
ज्ञात हो कि महात्मा साध्वी दीपिका बाई पिछला वर्ष तीन नवम्बर से लंदन से भारत पहुँचकर नैनीताल से मानव धर्म प्रचार प्रसार शुरू करते हुए पड़ोसी राष्ट्र नेपाल पहुँची। इस दौरान भारत के उत्तरपुर्वांचल के विभिन्न स्थान, डुवार्स, भूटान, दार्जीलिंग के बाद अब सिक्किम के कही जगहों पर सत्संग समारोह कर रही है। इस सत्संग कार्यक्रम में स्थानीय लोग तथा प्रेमी भक्तगण बढ़ चढ़ कर भाग ले रहे है।
सत्संग समारोह का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ शुरू किया गया। मुख्य अतिथि नाम्ची-सिंगिथांग क्षेत्र प्रभारी गणेश कुमार राई, विशिष्ठ अतिथि नाम्ची तहशील प्रभारी महात्मा साध्वी सरला बाई महात्मा साध्वी बिंद्रा बाई थी। कार्यक्रम का स्वागत भाषण खेमराज थापा, सी के राई द्वारा संचालित सांस्कृतिक प्रभारी प्रकाश प्रधान समिति के उपाध्यक्ष लक्ष्मण राई प्रचार में योगदान रहा।


भजन प्रस्तुत करते हुए प्रकाश प्रधान।






























