The Prime Minister, Shri Narendra Modi addressing at Foundation Stones laying ceremony of the Greenfield Airport for Rajkot and other road development projects, at Chotila, Gujarat on October 07, 2017.
अहमदाबाद/राजकोट : प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 962 करोड़ रुपये की लागत के ओखा-बेट द्वारका के बीच बनने वाले सिग्नेचर ब्रिज का शनिवार को भूमिपूजन करते हुए इसे भारत की सांस्कृतिक विरासत के साथ जोड़ने वाली कड़ी बताया। इस अवसर पर द्वारका में उपस्थित जनसमुदाय को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री भावुक हो गए। बतौर संघ कार्यकर्ता बेट द्वारका में बिताए गए अपने स्मरण को साझा करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि केन्द्र सरकार का नागरिकों के सपनों में रंग भरने का हमेशा से प्रयास रहा है। इसके परिणामस्वरूप ही सिग्नेचर ब्रिज को साकार किया जा रहा है। भारतवर्ष के आस्था केन्द्र बेट द्वारका और ओखा को जोड़ने वाले समुद्र पर फोर लेन 4.56 किलोमीटर लंबे केबल स्टेड सिग्नेचर ब्रिज 962 करोड़, गडु पोरबंदर सेक्शन पेवर शोल्डर 91.67 किलोमीटर एवं पोरबंदर-द्वारका फोर लेन रोड सहित कुल 1970 करोड़ के खर्च से 117.748 किलोमीटर के प्रोजेक्टों का भूमिपूजन प्रधानमंत्री ने किया। रात के समय किसी भी प्रकार की आपदा के समय होने वाली मुश्किलों के निवारण के लिए यह ब्रिज बनाया जा रहा है जो पर्यटन क्षेत्र के विकास का अग्रिम कदम भी साबित होगा। यह विश्वास व्यक्त करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि ढलते सूरज और समुद्र की लहरों का एक साथ आनंद लेने के लिए रोड कनेक्टिविटी के तौर पर यह ब्रिज महत्वपूर्ण साबित होगा। देश के सबसे लंबे समुद्र तट वाले गुजरात राज्य के लिए ब्लू इकोनॉमी के अंतर्गत मछुआरों के कल्याण की विभिन्न योजनाओं का प्रधानमंत्री ने उल्लेख करते हुए कहा कि मछुआरों के प्रति केन्द्र सरकार संवेदनशील रही है। उन्होंने बुलेट ट्रेन के लिए जापान सरकार के सहयोग का विरोध करने वालों को दृढ़ता से कहा कि इसी जापान की टेक्नोलॉजी का अलंग के शिप ब्रेकिंग यार्ड के लिए उपयोग किया जाएगा और केन्द्र सरकार इसमें तटस्थ है। प्रधानमंत्री ने कहा कि जीएसटी के तीन महीने के अभ्यास के बाद उसमें मौजूद अड़चनों को दूर कर आवश्यकतानुसार रेट में कमी की गई है और इसका सरलीकरण भी किया गया है। इसका उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि हमारा व्यापार जगत नौकरशाही में फंस जाए, ऐसा कभी नहीं होगा। जीएसटी में हुए सुधारों का सभी ने स्वागत किया है, इसके लिए मैं सभी का आभार व्यक्त करता हूं। भूतकाल में गुजरात के मुख्यमंत्री एक पानी की टंकी का उद्घाटन करके भी संतोष व्यक्त किया करते थे। दुनिया आज बदल रही है और इसे विकास की नई ऊंचाइयों पर ले जाने का 125 करोड़ हिन्दुस्तानियों ने स्वप्न देखा है जिसे हम सार्थक करके साकार करेंगे। उन्होंने कहा कि पर्यटन क्षेत्र के विकास से गरीबतम लोगों के लिए भी रोजगार के विशेष अवसरों का निर्माण होता है। द्वारका, पोरबंदर, सोमनाथ और सासण सहित टूरिज्म सर्किट को जोड़ने वाले रोड नेटवर्क से आर्थिक गतिविधियों में बहुत बड़ी बढ़ोतरी होगी जिससे स्थानीय लोगों को काफी लाभ होगा। हमारी संकल्पना आम आदमी के विकास की है। बंदरगाह, सड़क, रेल, हवाई सेवा और कोल्ड स्टोरेज आदि के विकास द्वारा किसानों के खेत उत्पादन को विश्व के कोने-कोने में पहुंचाना है जिससे उन्हें उचित भाव मिले और वह ज्यादा सक्षम बन सकें। विकास सिर्फ बातों से नहीं होता है। इसके लिए दीर्घदृष्टि, संकल्पना और प्रतिबद्धता की आवश्यकता है। जान की बाजी लगानी पड़ती है और यह काम देश और राज्य की सरकार कर रही है। मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने इस मौके पर कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा शुरू की गई गुजरात की विकासगाथा को तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है। गुजरात के विकास के अवरोध नरेन्द्रभाई मोदी के प्रधानमंत्री बनने के बाद दूर हो गए हैं और सबका साथ, सबका विकास मंत्र साकार किया जा रहा है। गुजरात की महत्वाकांक्षी नर्मदा योजना, नेशनल हाईवे के प्रोजेक्ट और बुलेट ट्रेन सहित तमाम प्रोजेक्ट के लिए प्रधानमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि समग्र गुजरात को प्रधानमंत्री के कारण सार्वत्र लाभ हासिल हो रहा है। द्वारका जिले के अग्रणियों और सेवाभावी संस्थाओं ने प्रधानमंत्री के स्वच्छता अभियान के लिए 1.51 करोड़ की राशि का चेक प्रधानमंत्री को अर्पित किया। व्यापारियों को जीएसटी में आने वाली अड़चनों को केन्द्र की सरकार ने संवेदनशीलता से दूर करते हुए जीएसटी का सरलीकरण किया है जिससे गुजरात के व्यापारियों और निर्यातकों को लाभ होगा। इसका उल्लेख करते हुए रूपाणी ने कहा कि आज प्रधानमंत्री की उपस्थिति में शुरू हुए ओखा-बेट द्वारका तथा रोड नेटवर्क के प्रोजेक्ट के कार्यों से इस क्षेत्र का विकास तेज बनेगा और द्वारका की शानो-शौकत में बढ़ोतरी होगी। केन्द्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने इस ब्रिज को ओखा-बेट द्वारका के विकास के लिए मील का पत्थर बतलाते हुए सिग्नेचर ब्रिज के निर्माण के पीछे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की भूमिका स्पष्ट की। रात के समय बेट द्वारका नहीं जा पाने वाले यात्रियों के लिए ब्रिज की सुविधा उपलब्ध करवाई जा रही है जिसके लिए प्रधानमंत्री अभिनंदन के पात्र हैं। गडकरी ने गुजरात में एक लाख किलोमीटर सड़क निर्माण करने का संकल्प जताया और गुजरात के विकास की सराहना की। केन्द्रीय सड़क परिवहन राज्य मंत्री मनसुखभाई मांडविया ने सभी का स्वागत करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश भर में रोड नेटवर्क का भगीरथी कार्य शुरू किया गया है। प्रधानमंत्री का खादी का रुमाल, गुलदस्ते एवं फूलों की मालायें पहनाकर स्वागत किया गया। प्रधानमंत्री ने रिमोट कंट्रोल से सिग्नेचर ब्रिज, गडु-द्वारका के बीच बनने वाले फोर लेन मार्ग का ई-तख्ती अनावरण कर शुभारंभ किया। इस अवसर पर एक डॉक्यूमेंट्री का प्रदर्शन भी किया गया। कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री नितिनभाई पटेल, पूर्व मुख्यमंत्री आनंदीबेन पटेल, राज्य सरकार के मंत्री चिमनभाई सापरिया, जयेशभाई रादड़िया, जशाभाई बारड़, ग्राम गृह निर्माण बोर्ड के चेयरमैन मुळुभाई बेरा, सांसद पूनमबेन माडम, चुनीभाई गोहिल, राजेशभाई चूड़ास्मा, पबुभाई माणेक, नेशनल हाईवे अथॉरिटी के अध्यक्ष दीपक कुमार, कलक्टर जे.आर डोडिया, जिला विकास अधिकारी आरआर रावल सहित कई अधिकारी, जनप्रतिनिधि, दातागण एवं नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। साभार : वेबवार्ता